Saturday, December 10, 2022

माथे पर पिंपल आने पर घरेलू उपाय ​Pimples par gharelu upay

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हेलो मित्रों। फ्री सिम्प्लिफाइड इन्फॉर्मेशन वेबसाइट पर हम आप सभी का स्वागत करते हैं। आज हम आपको इस लेख और इससे जुड़ी जानकारी में माथे पर पिंपल्स आने पर घरेलु उपाय के बारे में बताने जा रहे हैं।माथे पर पिंपल आने पर घरेलू उपाय

त्वचा के नीचे की छोटी ग्रंथियां ब्लॉक हो जाती हैं, तो माथे पर पिंपल्स और फुंसी विकसित होती हैं। पिंपल्स सिर्फ माथे पर नाही तो शरीर पर काही भी विकसित होते हैं। हार्मोनल परिवर्तन, तनाव और खराब स्वच्छता ये सभी पिंपल्स आने के लिये जिम्मेदार हैं। ये कोई गंभीर स्वास्थ्य इश्यू नहीं है, लेकिन ये लोगो मे खुद को लेके अंडरकन्फिदेन्स पैदा करता है, और इसकी वजह से मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती हैं।इस लेख में, हम देखते हैं कि माथे पर पिंपल्स और फुंसी क्यों विकसित होते हैं, और उनका इलाज कैसे किया जा सकता है और उन्हें कैसे रोका जा सकता है।माथे पर पिंपल आने पर घरेलू उपाय

माथे पर पिंपल्स आने के कारण : mathe par pimple aane ke karan :

पिंपल्स से अनेक प्रॉब्लेमस् हो सकती है जैसे की,:

  • व्हाइटहेड्स
  • ब्लैकहेड्स
  • चहरे पर दाने
  • अल्सर
  • पिंड

पिंपल्स किसी व्यक्ति के शरीर पर कहीं भी विकसित हो सकते हैं, लेकिन विशेष रूप से माथे, कंधे, पीठ, छाती और बाहों पर अक्सर होते हैं। एक पिंपल्स तभी आते है जब आपके चेहरे पे तेल ग्रंथिया हो . ये ग्रंथियां, जिन्हें सिबाम ग्रंथियों के रूप में जाना जाता है, ये सीबम नामक एक तैलीय पदार्थ का उत्पादन करती हैं। ज्यादा सीबाम उत्पादन रोम छिद्र ब्लॉक करती है ओर पिंपल्स के लिये कारण बनती है। जब ऐसा होता है, ग्रंथियां सूजन हो सकती हैं, और पिंपल्स विकसित हो सकती है.

माथे पर पिंपल्स आने के कारण:

हार्मोनल परिवर्तन : Harmonal badlav ke karan :

युवावस्था में पिंपल्स आना आम है क्योंकि इस कंडीशन मे बहोत हॉर्मोनाल उतार-चढ़ाव होता है।

तनाव: Tanav ke karan pimple aate hai:

तनाव और पिंपल्स के फैलने के बीच संबंध है, लेकिन इसका कारण स्पष्ट नहीं हो सका हैं।

दवाई : Medicines ke side effects ke vajah pimple aate hai:

कुछ प्रकार की दवाएं पिंपल्स पैदा कर सकती हैं। ये डवाई का साईड इफेक्ट है. जैसे कुछ स्टेरॉयड, एंटीकॉन्वेलेंट्स, बार्बिटुरेट्स, या लिथियम साईड इफेक्ट पैदा करती है ओर पिंपल्स को बढती है।

स्वच्छता : Chehre ki saf safai na rakhna:

बालों और चेहरे को नियमित रूप से ओर ठीक से न धोने से माथे पर ऑइल जमा हो सकता है और पिंपल्स को बाढता है।

हेअर प्रॉडक्ट: Chemical yukt hair products :

कुछ हेअर प्रॉडक्ट, जैसे जैल, तेल, या वैक्स, पिंपल्स आने के लिये जिम्मेदार हैं .

स्किन इरिटेशन : Skin irritation :

माथे पर मेकअप या टोपी जैसे कपड़े पहनने से माथे में जलन हो सकती है और पिंपल्स भी हो सकते हैं। बार-बार माथे को छूने से भी त्वचा खराब हो सकती है और पिंपल्स आते है..

माथे पर पिंपल्स आने पर घरेलु उपाय : Pimples par gharelu upay:

पिंपल्स के टाईप के आधार पर उपचार अलग-अलग हो सकता है।बहोत लोग अपने पिंपल्स का इलाज ओवर-द-काउंटर (OTC) दवाओं से करते हैं।

पिंपल्स के इलाज के लिए कई तरह के जैल, साबुन, लोशन और क्रीम उपलब्ध हैं। इन उत्पादों में आमतौर पर नीचे दिये गये ईग्रेडियंट होते है::

  • बेंजोईल पेरोक्साइड
  • सालिसिलिक असिड
  • रेटिनोल
  • रिसोरसिनॉल

ऍपल सिदार व्हिनेगर लगाएं : Vinagar lagane se pimple se bach skte hai:

ऐप्पल साइडर, सेब से डिस्टिल्ड रूप मे बनाया जाता है।

इस्तेमल कैसे करें : istemal ki procedure:

  • १ भाग ऍपल सीदर व्हिनेगर और ४भाग पानी मिलाएं (संवेदनशील त्वचा के लिए ज्यादा दिल्यूट करे)।
  • क्लींजिंग के बाद, कॉटन बॉल का उपयोग करके मिश्रण को त्वचा पर धीरे से लगाएं.
  • इसे २० से ३० सेकंड लागाये ओर धो ले और थपथपा कर सुखा लें।
  • इस प्रक्रिया को आवश्यकतानुसार दिन में 1 से 2 बार दोहराएं।

जिंक सप्लीमेंट लें : Zink se bane supplement ka istemal:

जिंक एक आवश्यक पोषक तत्व है जो हार्मोन उत्पादन, चयापचय और अँटी बॉडी प्रोदुस मे मदद करता है।

इस्तेमाल कैसे करें: istemal ki procedure:

  • २० मिलीग्राम जिंक और 2 मिलीग्राम कॉपर प्रति 1-कैप्सूल ले
  • ३०दीन तक ले

शहद और दालचीनी का मास्क बनाएं : Honey Or dalchini ka mask banakar lagaye :

एक अध्ययन में पाया गया है कि शहद और दालचीनी के अर्क को मिलाने से एक अँटी बॅक्टरीयल इफेक्ट मिळता है.

इस्तेमाल कैसे करें: istemal ki procedure:

  • 2 बड़े चम्मच शहद और 1 चम्मच दालचीनी को मिलाकर पेस्ट बना लें।
  • क्लींजिंग के बाद मास्क को अपने चेहरे पर लगाएं और १५से २०मिनट के लिए छोड़ दें
  • मास्क को पूरी तरह से धो लें और अपने चेहरे को थपथपा कर सुखा लें।

टी ट्री ऑईल : Tea tri oil ka istemal kare:

टी ट्री ऑयल एक आवश्यक तेल है जो ऑस्ट्रेलिया मे पाये जाने वाले एक छोटे से पेड़ मेललेका अल्टरनिफ़ोलिया की पत्तियों से निकाला जाता है। टी ट्री ऑयल बहुत गुणकारी होता है, लेकीन इसे हमेशा अपनी त्वचा पर लगाने से पहले इसे डायलूट कर लें।

इस्तेमाल कैसे करें: istemal ki procedure:

  • 1 भाग टी ट्री ऑयल में १० भाग पानी मिलाएं।
  • एक रुई को इस मिश्रण में डुबोएं और इसे पिंपल्स पर लगाएं।
  • उसके बाद मॉइस्चराइजर भी लगा सकते हैं।
  • इस प्रक्रिया को दिन में २ बार दोहराएं।

विच हेज़ल ऑइल लगाएं : Vich hejal oil lagaye :

विच हेज़ल ऑईल को उत्तरी अमेरिका के विच हेज़ल पेड, हमामेलिस वर्जिनियाना की छाल और पत्तियों से निकाला जाता है।

इस्तेमाल कैसे करें: istemal ki procedure:

  • एक छोटे बर्तन में 1 बड़ा चम्मच विच हेज़ल छाल और 1 कप पानी मिलाएं।
  • विच हेज़ल को 30 मिनट के लिए भिगो कर रखे और फिर मिश्रण को उबाल लें।
  • फिर गॅस को बंद करे ओर धक्कान राख कर पकणे दे.
  • मिश्रण को ठंडा करे ।
  • एक सीलबंद कंटेनर में स्टोअर करे।
  • कॉटन बॉल का ले करके दिन में 1 से 2 बार, या इच्छानुसार त्वचा को साफ करने के लिए लगाएं।

एलोवेरा से मॉइस्चराइज़ करें : Aloveera se moisturised kare:

एलोवेरा एक काम पाणी वाले इलाके मे पाया जाणे वाला पौधा है जिसकी पत्तियाँ क्लिअर जेल उत्पन्न करती हैं। जेल को अक्सर लोशन, क्रीम, मलहम और साबुन में मिलाया जाता है। एलोवेरा में सैलिसिलिक एसिड और सल्फर होता है, दोनों का इस्तेमाल पिंपल्स के इलाज में किया जाता है।

इस्तेमाल कैसे करें: istemal ki procedure:

  • एलोवेरा के पौधे से जेल को चम्मच से निकले।
  • त्वचा के उपार ये जेल लॅगाये ।
  • प्रति दिन 2 बार दोहराएं, या इच्छानुसार इस्टमल करे।

मछली के तेल का सप्लीमेंट लें : Fish oil ka istemal kare:

ओमेगा -3 फैटी एसिड एक गुड फॅट है जो स्वास्थ्य लाभ प्रदान करते हैं। मछली के तेल में दो मुख्य प्रकार के ओमेगा -3 फैटी एसिड होते हैं:

ईकोसापेंटेनोइक एसिड (ईपीए) और डोको असिड।

इस्तेमाल कैसे करें: istemal ki procedure:

2,000 मिलीग्राम २सॉफ्ट जेल कॅप्सुल रोज ले

इसमें 600 मिलीग्राम ओमेगा -3 फैटी एसिड होता है

३० दीन तक ले

नियमित रूप से एक्सफोलिएट करें : Regular exfoliate kare :

एक्सफोलिएशन मृत त्वचा के सेल की ऊपरी परत को हटाने के लिये मादाद करते है। यह रोमछिद्रों को बंद करने वाली त्वचा की कोशिकाओं को हटाकर पिंपल्स में सुधार कर सकता है।

इस्तेमाल कैसे करें: istemal ki procedure:

  • बराबर मात्रा में चीनी (या नमक) और नारियल तेल मिलाएं।
  • मिश्रण से अपनी त्वचा को धीरे से रगड़ें और अच्छी तरह से धो लें।
  • रोजाना एक बार करे।

तो हमने आज देखा के माथे पर पिंपल्स आने के घरेलू उपाय .जो हमने ऊपर देखे, हमें उमीद है आपको हमारे इस आर्टिकल से फायदा हुआ होगा.

चेहरा साफ करने के घरेलू उपाय और क्रीम

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